मध्यप्रदेश

सीहोर गल्ला मंडी की व्यवस्था में मंदी, कचरों का ढेर, पानी टंकी की सफाई नहीं, आवारा पशुओं का धरना, कांग्रेस ने दी चेतावनी

मंडी अव्यवस्थाओं पर ध्यान दे प्रशासन..

सीहोर गल्ला मंडी की व्यवस्था में मंदी, कचरों का ढेर, पानी टंकी की सफाई नहीं, आवारा पशुओं का धरना, कांग्रेस ने दी चेतावनी

सीहोर कृषि उपज मंडी की अव्यवस्थाएं चरम पर,
गार्ड कर रहे आधिकारियों के यहां ड्यूटी सहित नीलामी कार्य,
15 दिवस में सुधार नहीं किया तो करेंगे उग्र आंदोलन – कांग्रेस

सीहोर, 10 अक्टूबर 2026
एमपी मीडिया पॉइंट

सीहोर गल्ला मंडी में व्याप्त अव्यवस्थाओं से किसान तो क्या व्यापारी तक परेशान है। इस जिला स्तरीय मंडी के अंदरुनी हालात देख कांग्रेस ने भी असंतोष जाहिर किया है।

जिला कांग्रेस प्रवक्ता पंकज शर्मा ने शनिवार को बयान जारी कर कहा कि मैं स्वयं सीहोर कृषि उपज मंडी पहुंचा तो हालात देख कर दंग रह गया। इस दौरान वहां कई प्रकार की अव्यवस्थाएं दिखाई दीं। जिसके बाद

श्री शर्मा ने बताया कि अव्यवस्थाओं में सुधार के लिए मंडी प्रशासन को 15 दिन का समय दिया है और इस समय सीमा में सुधार ना होने पर कांग्रेस पार्टी द्वारा उग्र आंदोलन किए जाने की चेतावनी भी दी है। इस बारे में अधिक जानकारी देते हुए उन्होंने ने बताया कि सीहोर कृषि उपज मंडी एक बहुत बड़े स्तर की मंडी है, जहां बड़ी भारी मात्रा में सीहोर तथा आसपास के क्षेत्रों से किसान अपनी उपज बेचने आते हैं और यहां रोजाना हजारों क्विंटल उपज की तुलाई की जाती है, लेकिन यहां किसानों और व्यापारियों के लिए पर्याप्त इंतजाम तथा सुविधाओं की भारी कमी है। पंकज शर्मा ने बताया कि इतनी बड़ी मंडी में केवल 25 सुरक्षा गार्ड ही तैनात हैं, जिनमें से भी 3 गार्ड प्रशासनिक अधिकारियों की सेवा में कार्यरत हैं, तो वहीं 12 गार्ड नीलामी में लगा दिये गए हैं। इस प्रकार इतनी बड़ी मंडी की सुरक्षा केवल 10 गार्डों के भरोसे है और वो भी इसमें हीला हवाली करते हैं, जिससे आए दिन यहां विवाद की स्थिति बनती है। गार्डों की लापरवाही का आलम यह है कि यहां बेसहारा मवेशी विचरण करते रहते हैं, लेकिन गार्ड उनको बाहर निकालने की जहमत तक नहीं उठाते। जानवरों के इस तरह घूमने से व्यापारियों और किसानों में भय का माहौल रहता है तथा ये जानवर उनकी उपज को भी नुकसान पहुंचाते हैं तथा इनकी वजह से दुर्घटनाओं का भी डर बना रहता है। यहां पर किसानों तथा व्यापारियों के लिए पीने के पानी की भी सही तरीके से व्यवस्था नहीं है और जो एक पानी की टंकी है, उसकी सफाई भी वर्षों से नहीं हुई है साथ ही इसका दूषित पानी पीने से लोगों को गंभीर बीमारी होने की भी आशंका बनी रहती है। पीने के पानी की पाइप लाइन भी कई जगह से क्षतिग्रस्त हो गई है, जिससे रोजाना हजारों लीटर पानी की भी बर्बादी हो रही है। नियमित रूप से साफ सफाई भी नहीं होती है और यहां बड़े-बड़े कचरे के ढेर लग गए हैं, जिनसे बदबू आती है और रुके हुए पानी तथा कचरे के ढेर से मच्छर पनपने से यहां कई बीमारियां होने का भी खतरा बना हुआ है।

पंकज शर्मा ने मंडी प्रशासन से तत्काल इन अव्यवस्थाओं को दुरुस्त करने की मांग की है और चेतावनी दी है कि यदि 15 दिनों में इन अव्यवस्थाओं को नहीं सुधारा गया, तो कांग्रेस पार्टी किसानों और व्यापारियों के हित में उग्र आंदोलन करने को विवश होगी, जिसकी संपूर्ण जवाबदारी सीहोर कृषि उपज मंडी प्रशासन के अड़ियल रवैये की होगी।

राजेश शर्मा

राजेश शर्मा मप्र से प्रकाशित होने वाले राष्ट्रीय स्तर के हिंदी दैनिक अख़बारों- दैनिक भास्कर नवभारत, नईदुनिया,दैनिक जागरण,पत्रिका,मुंबई से प्रकाशित धर्मयुग, दिनमान के पत्रकार रहे, करीब पांच शीर्ष इलेक्ट्रॉनिक चैनलों में भी बतौर रिपोर्टर के हाथ आजमाए। वर्तमान मे 'एमपी मीडिया पॉइंट' वेब मीडिया एवं यूट्यूब चैनल के प्रधान संपादक पद पर कार्यरत हैं। आप इतिहासकार भी है। श्री शर्मा द्वारा लिखित "पूर्वकालिक इछावर की परिक्रमा" इतिहास एवं शोध पर आधारित है। जो सीहोर जिले के संदर्भ में प्रकाशित पहली एवं बेहद लोकप्रिय एकमात्र पुस्तक में शुमार हैं। बीएससी(गणित) एवं एमए(राजनीति शास्त्र) मे स्नातकोत्तर उपाधि प्राप्त करने के पश्चात आध्यात्म की ओर रुख किए हुए है। उनके त्वरित टिप्पणियों,समसामयिक लेखों,व्यंगों एवं सम्पादकीय को काफी सराहा जाता है। सामाजिक विसंगतियों, राजनीति में धर्म का प्रवेश,वंशवाद की राजसी राजनिति जैसे स्तम्भों को पाठक काफी दिलचस्पी से पढतें है। जबकि राजेश शर्मा खुद अपने परिचय में लिखते हैं कि "मै एक सतत् विद्यार्थी हूं" और अभी तो हम चलना सीख रहे है..... शैलेश तिवारी

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