सीहोर : कत्ल के आरोपियों को आजीवन कारावास, संबंधों का त्रिकोण बना था हत्या का कारण !
न्यायपालिका

सीहोर : कत्ल के आरोपियों को आजीवन कारावास, संबंधों का त्रिकोण बना था हत्या का कारण !
सीहोर, 14 फरवरी 2026
एमपी मीडिया पॉइंट
चिह्नित प्रकरण में न्यायालय प्रथम जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश श्रीमती स्मृता सिंह ठाकुर विशेष न्यायालय, जिला. सीहोर ने आरोपी साजिद,जुबैर एवं आमिर निवासी सिपाही पुरा जिला सीहोर का धारा 302 भादवि में आजीवन कारावास एवं धारा 201 भादवि में 07 वर्ष का कठोर कारावास एवं अर्थदण्ड से दण्डित किया गया।
संक्षेप में आपको बताते चलें कि दिनांक 31 दिसंबर 2023 की रात्रि 11ः00 बजे मृतक साहिल अपने घर से मण्डी चौराहे का जाने का कहकर मोटर सायकल से गया था, जब वह वापस नही आया तब मृतक के पिता रहमत अली ने उसे ढूढने का प्रयास किया तथा फोन लगाया, मृतक द्वारा फोन नही उठाया गया था रात करीबन 03ः00 बजे फोन बंद हो गया। अगले दिन पिता रहमत अली ने थाना मण्डी में गुम इंसान सूचना दर्ज कराई तत्पश्चात दिनांक 02 जनवरी 2024 को एक व्यक्ति ने कब्रिस्तान नाले के पास अधजली लाश देखी और उसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने मौके पर पहुॅच कर कार्यवाही की, मृतक के पिता रहमत अली भी अपने साले तैयब के साथ घटना स्थल पर पहुॅचे और मृतक के शरीर पर उपलब्ध छल्ला एवं बेल्ट के बक्कल और अगुॅठी के आधार पर शव की पहचान मृतक साहिल के रूप में की। पुलिस ने मृतक के शरीर को शव परीक्षण के लिये भेजा, शव परीक्षण में मृतक की मृत्यु चेस्ट बाल ओर लग्सं पर स्टेप बाउंड (चाकू घोपने) से होना पाया तथा मृतक के शरीर पर पोस्टमार्डम वर्न होना पाया।
मृतक के कॉल डिटेल के आधार पर पुलिस ने साक्षियों से पूछताछ की पूछताछ पर यह पाया कि मृतक को अंतिम बार उसकी महिला मित्र ने देखा था, तथा उसके सामने मृतक का झगडा आरोपी साजिद से हुआ था, उसके पष्चात् मृतक अपनी मोटर सायकल से कब्रिस्तान से रोड तरफ गया और साजिद एवं जुबैर अपनी स्कूटी से उसके पीछे-पीछे गये।
पुलिस द्वारा आरोपीगण साजिद, जुबैर और आमिर के विरूद्ध थाना कोतवाली में अपराध क्रं007/2024 धारा 302, 201, 34 भादिव का अपराध पंजीबद्ध किया गया।
विवेचना के दौरान यह तथ्य आये कि मृतक साहिल जिस महिला मित्र से मिलने गया था उससे आरोपी साजिद प्रेम करता था ओर शादी करना चाहता था। आरोपी साजिद द्वारा मृतक को बात करते देखा गया, इसी कारण उसने जुबेर के साथ मिलकर कब्रिस्तान नाले के पास मृतक की चाकू से हत्या कारित कर दी, इसके पष्चात् आरोपी आमिर को बुलाया फिर आमिर की एक्टिवा पर मृतक को नाले के पास ले जाकर आमिर के साथ मिलकर मृतक के शरीर को जला दिया तथा अपने स्वेटर व मृतक के मोबाईल की सिम भी साथ में जला दी। मृतक की मोटर सायकल एवं घटना मे प्रयुक्त किया गया चाकू पानी से भरी बाउड़ी में फेंक दी और अपनी पेंट जिनमें खून लगा था वह झाडियों में छिपा दिया।
पुलिस ने विवेचना के दौरान आरोपीगण को संदेह के आधार पर गिरफ्तार कर पूछताछ की, पूछताछ पर आरोपीगण साजिद एवं जुबैर ने घटना में प्रयोग किये गये चाकू व मृतक की मोटर सायकल पानी की बाउड़ी में फेंकना एवं अपने पेंट झाडियों में फेकना तथा अपना जुर्म कबूल किया, दोनो आरोपीगण के मेमोरेण्डम के आधार पर गवाहों के समक्ष बताई गई सामग्री जप्त की गई। तत्पष्चात् आरोपी आमिर को गिरफ्तार कर पूछताछ की गई, आमिर के पास से मृतक का मोबाईल मिला तथा उसके द्वारा प्रयोग की जा रही स्कूटी से फोम का टूकडा निकाल कर जप्त किया गया।
जप्तशुदा सामग्री का परीक्षण के लिये एफएसएल भेजी गई, जांच उपरांत एफएसएल रिपोर्ट में फोम के टूकडे पर मृतक के खून के होने की पुष्टि हुई तथा जप्तशुदा चाकू की क्योरी रिपोर्ट पर डॉक्टर द्वारा जप्त चाकू से मृत्यु होना संभावित पाया। मृतक के माता-पिता के रक्त नमूना लेकर मृतक के डीएनए से जांच कराई एवं डीएनए जांच में मृतक रहमत अली एवं शहजादी का जैविक पुत्र होना पाया गया। विवेचना के दौरान कॉल डिटेल एवं टॉवर लोकेषन एवं कैफ रिपोर्ट की जानकारी संग्रहित कर साक्षियों के बयान लेकर समस्त सुसंगत साक्ष्य संकलित करने के पष्चात् तीनों आरोपीगण पर अपराध सिद्ध पाया जाने से अभियोग पत्र माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया।
न्यायालय द्वारा आरोपीगण पर धारा 302, 201, 34 भादवि का आरोप विरचित किये गये विचारण के दौरान अभियोजन द्वारा कुल 15 साक्षियों के कथन माननीय न्यायालय के समक्ष लेखबद्ध कराये थे, तत्पष्चात् प्रकरण में अंतिम तर्क सुने जाने के बाद माननीय न्यायालय द्वारा दिनांक 13 फरवरी 2026 को आरोपीगण पर लगाये गये आरोप सिद्ध पाये जाने से आरोपीगण आमिर, साजिद एवं जुबैर को धारा 302 भादवि के अंतर्गत आजीवन कारावस एवं धारा 201 भादवि के अंतर्गत 07 वर्ष के कारावास एवं अर्थदण्ड से दण्डित किया गया।
अभियोजन के मामलें का संचालन सेवा निवृत्त डीपीओ अनिल बादल एवं एडीपीओ आषीष त्यागी द्वारा संचालन किया गया।



